PCPNDT सलाहकार समिति की बैठक हुई आयोजित, बैठक में 14 अल्ट्रासाउंड केंद्रों के लाइसेंस मंजूर।

रुद्रपुर। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया के निर्देशन में परियोजना निदेशक हिमांशु जोशी की अध्यक्षता में विकास भवन में PCPNDT सलाहकार समिति की बैठक आयोजित हुई । बैठक में 14 अल्ट्रासाउंड केंद्रों के लाइसेंस मंजूर, अनुपयोगी अल्ट्रासाउंड मशीनों को डिसमेंटल करने के लिए बनेगी 5-सदस्यीय समिति, डीएम की अनुमति और शपथ पत्र के बाद होगी कार्रवाई।अवैध लिंग परीक्षण की सूचना देने वाले मुखबिर को मिलेगा 2 लाख रुपये का इनाम; चिन्हित केंद्रों पर जल्द होगी सख्त कार्यवाही आयोजित की गई।बैठक में जनपद में संचालित अल्ट्रासाउंड केंद्रों की मॉनिटरिंग और नए लाइसेंस/नवीनीकरण के आवेदनों पर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक में पिछली बैठक की अनुपालन आख्या प्रस्तुत की गई। इसके बाद समिति के समक्ष PCPNDT लाइसेंस के लिए कुल 16 आवेदन रखे गए, जिनमें 11 नए और 5 नवीनीकरण (Renewal) के मामले शामिल थे। डी.जी.सी. बारीत सिंह द्वारा सभी आवेदनों के कानूनी पहलुओं और दस्तावेजों की गहनता से जाँच की गई। जाँच और विचार-विमर्श के बाद समिति ने 5 नवीनीकरण और 9 नए लाइसेंस आवेदनों को संस्तुति दे दी। वहीं, 2 नए आवेदनों पर पहले स्थलीय निरीक्षण कराया जाएगा, जिसके बाद ही जिलाधिकारी महोदय को अंतिम संस्तुति भेजी जाएगी।अनुपयोगी अल्ट्रासाउंड मशीनों को डिसमेंटल करने का बड़ा निर्णय:डी.जी.सी. द्वारा आवेदनों की गहन जाँच के क्रम में यह भी निर्णय लिया गया कि जनपद में ऐसी अल्ट्रासाउंड मशीनें जो वर्तमान में उपयोग में नहीं हैं, उन्हें डिसमेंटल (dismantle) किया जाएगा। इसके लिए एक 05-सदस्यीय समिति का गठन किया जाएगा। यह समिति जिलाधिकारी (डीएम) महोदय से आवश्यक अनुमति प्राप्त करने तथा संबंधित केंद्र स्वामी से वैधानिक शपथ पत्र लेने के उपरांत ही मशीनों को डिसमेंटल करने की कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। हिमांशु जोशी ने कहा कि जनपद के सभी अल्ट्रासाउंड केंद्रों का लगातार और अचानक निरीक्षण किया जाए ताकि नियमों का पालन सुनिश्चित हो सके।कठोर कार्रवाई के निर्देश: जो भी केंद्र PCPNDT एक्ट का उल्लंघन करते पाए जाएं, उनके खिलाफ नियमानुसार सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाए।लागू होगी मुखबिर योजना (अवैध केंद्र चिन्हित): जनपद में अवैध लिंग परीक्षण को रोकने के लिए ‘मुखबिर योजना’ को प्रभावी ढंग से लागू किया जाएगा। प्रशासन द्वारा जनपद में ऐसे केंद्रों को चिन्हित कर लिया गया है जिनके द्वारा अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। जल्द ही इन चिन्हित केंद्रों के विरुद्ध पीसीपीएनडीटी अधिनियम के अंतर्गत कठोर दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।2 लाख रुपये की इनामी राशि: अवैध रूप से लिंग परीक्षण करने वाले केंद्रों की सही और सटीक सूचना देने वाले मुखबिर को 2 लाख रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी। बैठक में नोडल अधिकारी (PCPNDT) डॉ. एस. पी. सिंह, एडिशनल सीएमओ डॉ. डी. पी. सिंह, डी.जी.सी. बारीत सिंह, बिंदु वसानी (ISD किच्छा), सीमा सिंह, प्रदीप महर (PNDT), विजय कुमार (जिला सूचना विभाग) और गोपाल आर्य (अधिशासी सहायक) सहित समिति के अन्य सदस्य व प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
