एक बार फिर वन तश्करों व वन कर्मियों का हुआ आमना सामना, डिप्टी रेंजर समेत तीन वनकर्मी घायल।

वन विभाग ने खैर की लाखो की कीमती लकड़ी व पिकअप गाड़ी समेत दो तश्करों को किया गिरफ्तार।
रुद्रपुर। ऊधम सिंह नगर एवं नैनीताल जनपद की सीमाओं से सटे वन तराई केंद्रीय वन प्रभाग में एक बार फिर वन तस्करों के हौसले बुलंद है। वन तस्करों ने वन विभाग को चुनौती देते हुए भारी मात्रा में खैर के पेड़ को काटकर पिकअप वाहन में तस्करी कर रहे थे मगर तश्करों द्वारा गस्ती वाहन पर भी जोरदार टक्कर लगने व डिप्टी रेंजर समेत तीन वनकर्मी घायल होने के बाद भी वन कर्मियों ने तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया है। इतना ही नही इस हालत में दो तश्करों को गिरफ्तार कर लिया।

मिली जानकारी के अनुसार तराई केंद्रीय वन विभाग के टांडा रेंज अंतर्गत देर रात वन तस्कर खैर की कुछ लोग काटकर लकड़ी ले जा रहे थे, सूचना पर पहुंची वन विभाग की गश्ती टीम ने जंगल से पिकअप वाहन से लकड़ी ले जाते हुए रोकने की कोशिश की तो वन तस्करों ने पिकअप गाड़ी से वन विभाग की गस्ती गाड़ी को को जोरदार टक्कर मार दी जिसमें तीन वन कर्मी घायल हुए हैं।

इस दौरान वन विभाग की टीम ने हिम्मत करते हुए मौके पर दो तस्करों को धर दबोचा लिया मगर चार तश्कर मौके से भागने में कामयाब रहे। इस पूरी वारदात में घटना में डिप्टी रेंजर दीवान सिंह रौतेला सहित तीन वनकर्मी घायल हुए हैं। वन क्षेत्राधिकारी टांडा रेंज रूपनारायण गौतम ने बताया कि हल्द्वानी- रुद्रपुर के टांडा रोड पर जंगल किनारे तस्कर बेशकीमती खैर की लकड़ी को पिकअप गाड़ी में डालकर ले जा रहे थे जहां रोकने की कोशिश की तो तस्करों ने पिकअप गाड़ी से गश्ती दल की गाड़ी को टक्कर मार दी जिसमें तीन वन कर्मी घायल हुए हैं।

इस दौरान मौके पर लखविंदर सिंह और किशन विश्वास निवासी दिनेशपुर दो तस्करों को मौके से धर दबोचा गया। जबकि मौके से चार तस्कर भागने में कामयाब हुए। फ़िलहाल आरोपियों के खिलाफ वन अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है इसके अलावा तस्करी का मुख्य आरोपी सोनू निवासी गदरपुर नाम के तस्कर का नाम सामने आया है जिसकी तलाश की जा रही है।वन विभाग ने मौके पर एक पिकअप वाहन सहित लाखों रुपए की खैर की लकड़ी बरामद की है।

विदित हो कि एक माह पहले भी तराई केंद्रीय वन प्रभाग अंतर्गत लकड़ी तस्करों और वनकर्मियों के बीच मुठभेड़ की घटना सामने आई थी जिसमें गोली लगने से रेंजर सहित कई वन कर्मी घायल हुए थे हुए थे। कुल मिलाकर वन तश्करों के हौसले बुलंद है लेकिन एक बार फिर से वन तस्करों ने वन विभाग को चुनौती दी है. हालांकि वन विभाग तस्करों मंसूबे को कामयाब नहीं होने दिया।।















